Shahar Samta News
मायावती ने अपने समर्थकों को संबोधित करते हुए वोट की ताकत का महत्व समझाया और कहा कि सत्ता की “मास्टर चाबी” सिर्फ वोट से ही हासिल की जा सकती है। उन्होंने जोर देते हुए कहा कि यही एक ऐसा माध्यम है, जो समाज की कई समस्याओं और दुखों का समाधान बन सकता है।
मायावती ने अपने संदेश में समर्थकों से अपील की कि वे एकजुट होकर अपने मताधिकार का सही इस्तेमाल करें। उन्होंने कहा कि लोकतंत्र में वोट सबसे बड़ा हथियार है, जिसके जरिए आम जनता अपनी सरकार चुनती है और अपने अधिकारों को मजबूत करती है।
उन्होंने यह भी कहा कि अगर समाज संगठित होकर मतदान करता है, तो वह अपने हक और सम्मान को सुरक्षित कर सकता है। मायावती ने बाबा साहेब के बताए रास्ते पर चलते हुए शांतिपूर्ण और लोकतांत्रिक तरीके से अपने अधिकारों की लड़ाई लड़ने की बात दोहराई।
अंत में उन्होंने कार्यकर्ताओं और समर्थकों से कहा कि वे जागरूकता फैलाएं और ज्यादा से ज्यादा लोगों को मतदान के लिए प्रेरित करें, ताकि मजबूत और जनहितकारी सरकार का निर्माण हो सके।
मायावती ने आंबेडकर का स्मरण करते हुए कहा ”बाबा साहब ने अपनी काबिलियत, बुद्धिमत्ता और सूझबूझ से तथा जातिवादी लोगों के हथकंडों को ध्यान में रखकर इन वर्गों (अनुसूचित जाति, पीड़ित व कमजोर वर्ग) के लोगों को अपने पैरों पर खड़ा करने के लिए वोट की अति महत्वपूर्ण ताकत के बल पर अनेकों कानूनी और मूलभूत संवैधानिक अधिकार दिलाए हैं।” उन्होंने जोर देकर कहा कि इसका लाभ लेने के लिए इनको केन्द्र और राज्यों की सत्ता की मास्टर चाबी अपने हाथों में लेनी होगी। मायावती ने किसी भी मामले पर उत्तेजित होकर सड़क पर उतरकर आंदोलन न करने और दूसरे दलों से सावधान रहने का आह्वान करते हुए कहा ”इस पर अमल करते हुए कांशीराम जी ने बसपा का गठन किया। बाबा साहेब ने यह भी कहा है कि अपने ऊपर होने वाले जुल्म ज्यादती के विरुद्ध लड़ाई कानून को अपने हाथ में लेकर नहीं, बल्कि कानून के दायरे में रहकर लड़ना है।”




















