पैलेट गन से घायल हुए युवक के मामले में FIR दर्ज होना न्याय की दिशा में पहला कदम: राहुल गांधी

0
3

नई दिल्लीः कांग्रेस के पूर्व अध्यक्ष राहुल गांधी ने कथित तौर पर पैलेट गन से घायल युवक साहिल लोचब के मामले में पुलिस द्वारा प्राथमिकी दर्ज किए जाने के बाद शुक्रवार को कहा कि यह ”न्याय की दिशा में पहला कदम” है लेकिन पुलिस पर ”ऊपर से” दबाव के कारण प्राथमिकी दर्ज करने में करीब आठ घंटे लगे। राहुल गांधी प्राथमिकी दर्ज करने की मांग को लेकर संसद मार्ग स्थित पुलिस उपायुक्त कार्यालय के बाहर धरने पर बैठे थे। प्राथमिकी दर्ज होने के बाद उन्होंने कहा कि साहिल को पैलेट गन के छर्रे लगे एक महीने हो चुका है और वह देख नहीं पा रहा है।

उन्होंने कहा, ”इस युवक के साथ घोर अन्याय हुआ है।” राहुल गांधी का कहना था कि वह और अन्य लोग सुबह करीब 11:30 बजे थाने पहुंचे थे और शाम पौने सात बजे के आसपास प्राथमिकी दर्ज की गई। उन्होंने कहा, ”हमने यहां कुछ गलत नहीं किया। हमने सिर्फ एक भारतीय नागरिक, उसकी मां और पिता के लिए न्याय मांगा और इसमें आठ घंटे लग गए।” कांग्रेस नेता ने कहा कि यह थाना दिल्ली के बीचोंबीच स्थित है और अगर यहां न्याय मिलने में इतनी देर होती है तो गांव या छोटे शहरों के थानों में क्या स्थिति होती होगी, इसकी कल्पना की जा सकती है।

उन्होंने दावा किया कि प्राथमिकी दर्ज करने की अंतिम मंजूरी ”गृह सचिव और अमित शाह” से मिलने के बाद ही प्राथमिकी दर्ज की गई। राहुल गांधी ने कहा, ”अब आप समझ सकते हैं कि प्राथमिकी दर्ज करने को कौन रोक रहा था।” उन्होंने आरोप लगाया कि पुलिस अधिकारी प्राथमिकी दर्ज करना चाहते थे और अन्य अधिकारी भी ऐसा करना चाहते थे, लेकिन ”न्याय की राह में ब्रेक ऊपर से लगाया जा रहा था।” राहुल गांधी ने कहा कि मामले में प्राथिकी दर्ज होना न्याय की दिशा में पहला कदम है। 

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here