अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने कृत्रिम बुद्धिमत्ता यानी Artificial Intelligence (AI) को नया नाम देने की बात कहकर तकनीकी दुनिया में चर्चा छेड़ दी है। 22 सितंबर को संयुक्त राष्ट्र महासभा में अपने संबोधन के दौरान ट्रंप ने कहा कि अमेरिका अब इसे ‘Super Intelligence’ यानी SI कहेगा। उन्होंने ‘Artificial’ शब्द को इस तकनीक की वास्तविक क्षमता के अनुरूप नहीं बताया। ट्रंप ने कहा कि आगे से अमेरिका के सरकारी दस्तावेजों में ‘Artificial Intelligence’ की जगह ‘Super Intelligence’ शब्द इस्तेमाल किया जाएगा। उन्होंने उम्मीद जताई कि दूसरे देश भी इस शब्द को अपनाएंगे। हालांकि, उपलब्ध रिपोर्टों के अनुसार इस समय यह स्पष्ट नहीं है कि सभी अमेरिकी सरकारी दस्तावेजों में बदलाव लागू करने के लिए औपचारिक प्रशासनिक प्रक्रिया क्या होगी।
आर्टिफिशियल’ शब्द पर ट्रंप को आपत्ति-ट्रंप ने अपने संयुक्त राष्ट्र भाषण में कहा कि ‘Artificial Intelligence’ नाम सुनने में ऐसा लगता है जैसे यह कोई नकली चीज हो, जबकि उनके अनुसार यह तकनीक बेहद प्रभावशाली है। उन्होंने इसी आधार पर ‘Super Intelligence’ शब्द को ज्यादा उपयुक्त बताया। दरअसल, नाम बदलने का विचार संयुक्त राष्ट्र महासभा से कुछ दिन पहले ही सामने आ गया था। 19 सितंबर को ट्रंप ने सोशल मीडिया पर लोगों से पूछा था कि क्या ‘Artificial Intelligence’ की जगह कोई दूसरा नाम इस्तेमाल किया जाना चाहिए। उन्होंने Superior Intelligence, Extreme Intelligence और Supreme Intelligence जैसे विकल्प सुझाए थे। इसके बाद कराए गए दूसरे मतदान में Super Intelligence विकल्प को आगे रखा गया और ट्रंप ने बाद की पोस्टों में ‘SI’ शब्द का इस्तेमाल करना शुरू कर दिया। यानी यह नाम अचानक संयुक्त राष्ट्र में नहीं आया, बल्कि उससे पहले सोशल मीडिया पर नाम बदलने की चर्चा और मतदान हो चुका था।




















